loading
Ashutosh pandey
30 October 2017 7:35:26 AM UTC in HIndi Shayari

ख़ुशी है चेहरों पे रक्सा अजीब आलम है

ख़ुशी है चेहरों पे रक्सा अजीब आलम है
नहीं है कोई यहाँ आँख चश्मेनम देखो
लुटाये आँखों ने गौहर थी बेबहा गौहर
शबे फ़िराक जब ना आये तुम सनम देखो
(guest)

0

Reply